कलयुग(kalyug) का अंत कब होगा ( end of kalyug) पुराने पुराण में लिखा है।। लोगों का स्वभाव,खान पान, रहन सहन, आदि।

जब से दुनिया मैं पाप बढ़ने लगे है हर कोई एक ही सवाल कर रहा है आखिर ये कलयुग(kalyug) का अंत कब होगा

कलयुग खत्म होने में अभी इतने वर्ष बाकी

आधुनिक काल गणना के अनुसार, यह समय वर्ष 3102 ईसा पूर्व का था. ईसा मसीह के जन्म के बाद 2022 साल और बीत चुके हैं. यानी कि कलयुग शुरू हुए अब तक 5124 वर्ष गुजर चुके हैं. ऐसे में अगर 4 लाख 32 हजार वर्षों में से 5124 वर्ष घटाएं तो 4,26,876 वर्ष शेष बच जाते हैं.

गोस्वामी तुलसीदास जी श्रीमद्भागवत और रामायण के अनुसार ही रामचरित के उत्तरकाण्ड में काकभुशुंडी का अपनी पूर्व जनम कथा हरकली महिमा का वर्णन करने का उल्लेख करते हैं। कई 1000 वर्ष पूर्व भागवत में शुकदेवजी ने जिंस बारीकी से और विस्तार से कलियुग का वर्णन किया है। वो हमारी आंखें खोलने के लिए काफी है।
आज सब तरफ उसी वर्णन के अनुसार घटनाएं घट रही है और आगे भी जो लिखा है वैसा ही घटेगा। ऐसा प्रतीत होता है तो मित्रों आइये मिलकर जानते हैं कि हमारे धर्म ग्रंथों में कलयुग का क्या वर्णन मिलता है।
और ये कब और कैसे समाप्त होगा? कलयुग यानी काला युग, कल एकल एश का युग, जिंस युग में सभी के मन में असंतोष सभी मानसिक रूप से दुखी हो कलयुग है इस युग में धर्म का सिर्फ एक चौथाई रह जाता है। कलयुग का प्रारंभ 3102 ईसा पूर्व में हुआ।

श्रीमद भागवत पुराण और भविष्य पुरान मैं कलियुग के अंत का वर्णन मिलता। कलियुग में भगवान कल्कि का अवतार होगा, जो पापियों का संहार कर फिर से सतयुग की स्थापना करेंगे। कब होगा कलयुग का अंत? 3102 ईसापुर पांच गृह मंगल, बुध, शुक्र, बृहस्पति और शनि मेष राशि पर जीरो डिग्री पर हो गए थे। कलयुग तभी से प्रारंभ हुआ।
अभी कलयुग का प्रथम चरण ही चल रहा है। हमारे पुराण में कलियुग की अवधि और ये समाप्त कैसे होगा इसका व्यापक वर्णन किया हुआ है।

कलियुग के अंत में क्या होगा:

मित्रों अब जानते हैं कि कलियुग के अंत में क्या क्या होगा क्या होगा कलयुग के अंत में सबसे पहले तो ये होगा कि मनुष्य की औसत आयु 20 वर्षीय रह जाएगी। पांच वर्ष की छोटी उम्र में स्त्री गर्भवती हो जाया करेगी। 16 वर्षीय मनुष्य वृद्ध हो जाएंगे और 20 वर्ष की आयु में ही मृत्यु को प्राप्त हो जाएंगे। इंसान का शरीर घटकर बौना हो जाएगा। ब्रह्मवैवर्त पुराण में बताया गया है कि कलयुग में एक ऐसा समय भी आएगा जब इंसान की उम्र बहुत कम रह जाएगी, युवावस्था समाप्त हो जाएगी, कलि के प्रभाव से प्राणियों के शरीर, छोटे, छोटे शीन और रोगग्रस्त होने लगेंगे। जिससमय भगवान कल की इस धरती पर अवतरित होंगे। उस समय मनुष्य की परम आयु केवल 20 या 30 वर्ष रह जाएगी। जिस समय कल्कि अवतार आएँगे। चारों वर्णनों के लोग सूद्र के समान हो जाएंगे। गौमाता भी बकरियों की तरह छोटी छोटी और कम दूध देने वाली हो जाएगी।

कलयुग के अंत मैं मनुष्य क्या खायेगा?

कलियुग के अंत में संसार की ऐसी दशा होगी कि अनाज नहीं उगेगा। लोग मछली मांस ही खायेंगे और भेड़ बकरियों का दूध पीएंगे। गाय तो दिखना भी बंद हो जाएगी। होगी भी तो बकरी के समान और वो दूध देना भी बंद कर देगी। एक समय ऐसा आएगा जब जमीन से अनाज उगना बंद हो जाएगा, पेड़ों पर फल नहीं लगेंगे और धीरे धीरे ये सारी चीजें धरती से विलुप्त हो जाएंगी।

कलुयुग के अंत मैं कैसा होगा मनुष्य का स्वभाव?

स्त्रियाँ कठोर स्वभाव की और कड़वा बोलने वाली होंगी वह पति की आज्ञा नहीं मानेगी।जिसके पास धन होगा उसी के पास स्त्रियाँ रहेंगी। मनुष्य का व्यवहार गधों जैसा केवल गृहस्थी का भार उठाने वाला रह जाएगा, लोग विषय भोग में लिप्त रहेंगे धर्म कर्म का लोप हो जाएगा। मनुष्य जप रहित नास्तिक वो चोर बन जायेगा, सब एक दूसरे को लूटने में लगे रहेंगे। कलियुग में समाज हिंसक हो जाएगा, भीड़ में लोग आएँगे और एक मनुष्य की जान ले लेंगे। जो लोग बलवान होंगे उनका ही राज़ चलेगा। मानवता नष्ट हो जाएगी, रिश्ते खत्म होजाएंगे एक भाई अपने ही भाई का शत्रु बन जाएगा।एक हाथ दूसरे हाथ को लूटेगा। पिता पुत्र का और पुत्र पिता का वध करने में भी संकोच नहीं करेंगे। अपनी प्रशंसा के लिए लोग बड़ी बड़ी बातें बनाएंगे, किंतु समाज में उनकी निंदा नहीं होगी।

कलयुग के अंत मैं कैसा होगा मनुष्य का धर्म ?

कलयुग में लोग शास्त्रों से विमुख हो जाएंगे। अनैतिक साहित्य ही लोगों को पसंद आएगा। बुरी बातें और बुरे शब्दों का ही व्यवहार किया जाएगा। स्त्री और पुरुष दोनों ही अधर्मी हो जाएंगे। स्त्रियाँ पतिव्रता धर्म का पालन करना बंद कर देंगी।और पुरुष भी ऐसा ही करेंगे। स्त्री और पुरुषों से संबंधित सभी वैदिक नियम विलुप्त हो जाएंगे। श्रीमद्भागवत के द्वादश खंड में कलयुग के धर्म के अंतर्गत श्री शुकदेवजी परीक्षित जी से कहते हैं, जो जो घोर कलयुग आता जाएगा त्यों त्यों धर्म, सत्य, पवित्रता, क्षमा, दया, आयु, बल और स्मरणशक्ति का लोप होता जाएगा।

महाप्रलय बहुत काल तक सूखा रहने के बाद कलयुग के अंतिम समय में बहुत मोटी मूसलाधार बारिश होगी जिससे चारों ओर पानी ही पानी हो जाएगा।समस्त पृथ्वी पर जल ही जल होगा। इसके बाद 1712 सूर्य उदय होंगे और उनके तेज से ये पृथ्वी सूख जाएगी। कलियुग के अंत में भयंकर तूफान और भूकंप आएँगे। लोग मकानों में नहीं रह पाएंगे। लोगों को गड्ढे खोदकर रहना पड़ेगा। धरती की सतह का तीन हाथ हिस्सा अर्थात लगभग 4.5 फुट नीचे तक धरती का उपजाऊ अंश नष्ट हो जाएगा।

महाभारत में कलियुग के अंत में प्रलय होने का जिक्र है, लेकिन ये किसी जल प्रलय से नहीं बल्कि धरती पर लगातार बढ़ रही गर्मी से होगा।महाभारत के वनपर्व में उल्लेख मिलता है कि कलियुग के अंत में सूर्य का तेज इतना बढ़ जाएगा कि सातों समुद्र और नदियां सूख जाएंगी। संपर्क नाम की अग्नि धरती को पाताल तक जला देगी, सब कुछ बस में हो जाएगा। इसके बाद फिर 12 वर्षों तक लगातार बारिश होगी, जिससे सारी धरती जलमग्न हो जाएगी।

Q1.कलयुग कब शुरू हुआ और कब खत्म होगा?


Ans. पुराणों के अनुसार जो कलियुग का प्रारंभ हुआ था वो 3102 ईसा पूर्व से हुआ था।
इस गड़ना के अनुसार कलियुग 4,32,000 साल लंबा चलेगा। अभी ये कलयुग का पहला चरण ही चल रहा है। इसका मतलब पांच हजार एक सौ अठारह वर्ष कलियुग के निकल गए है और 426882 वर्ष अभी भी बाकी है।

Q2.कलयुग का अंत कौन करेगा ?


Ans. वेद पुराणों के अनुसार भगवान् विष्णु के 10 वे अवतार भगवान कल्कि कलयुग मैं अवतार लेंगे और कलयुग का अंत करेंगे ।

Q3.कलयुग के बाद कौन सा युग आएगा ?


Ans. कलयुग के बाद फिर से सतयुग की स्थापना होगी ।

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